उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में अपराध और अपराधियों के खिलाफ पुलिस का ‘जीरो टॉलरेंस’ अभियान अपने चरम पर है। इसी कड़ी में, पुलिस प्रशासन ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए नई गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट (Gorakhpur Police History Sheeter List) जारी की है।
निर्भीक इंडिया (संवाददाता नवनीत मिश्रा)- वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) के सख्त निर्देशों के बाद जनपद के विभिन्न थानों में सक्रिय खूंखार अपराधियों पर निर्णायक प्रहार किया गया है। इस नई गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट (Gorakhpur Police History Sheeter List) में रामगढ़ताल और शाहपुर थाना क्षेत्रों के 5 कुख्यात अपराधियों को आधिकारिक तौर पर ‘दुराचारी’ घोषित करते हुए उनकी हिस्ट्रीशीट खोल दी गई है।
SSP का कड़ा निर्देश और orakhpur Police History Sheeter List)की रणनीति
कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए SSP Gorakhpur order on criminals का यह एक बहुत बड़ा और प्रभावी कदम है। पुलिस विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इन अपराधियों के पुराने और नए आपराधिक इतिहास का गहनता से आकलन करने के बाद ही इनका नाम गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट (Gorakhpur Police History Sheeter List) में शामिल किया गया है। अपराध पर स्थायी रूप से लगाम कसने के लिए इन सभी की Durachari bad character B history sheet खोली गई है।
‘बी’ हिस्ट्रीशीट खुलने का सीधा सा अर्थ है कि अब पुलिस इन अपराधियों की दिन-प्रतिदिन की गतिविधियों, उनके उठने-बैठने के स्थानों और उनके संपर्कों पर 24 घंटे पैनी नज़र रखेगी। गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट (Gorakhpur Police History Sheeter List) में उन आदतन अपराधियों को जगह दी गई है, जिनसे समाज की शांति को सीधा खतरा है। इस सूची के सार्वजनिक होने से न केवल आम नागरिकों में सुरक्षा की भावना मजबूत होगी, बल्कि संगठित अपराध करने वाले गिरोहों में भी पुलिस का भारी खौफ पैदा होगा।
गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट (Gorakhpur Police History Sheeter List) में मंतोष ठाकुर का खौफनाक इतिहास
Gorakhpur Police History Sheeter List में 5 नए अपराधियों के नाम दर्ज
इस ताजा गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट (Gorakhpur Police History Sheeter List) में सबसे खौफनाक और चर्चित नाम मंतोष ठाकुर का है। मंतोष ठाकुर पुत्र बिरेन्द्र ठाकुर मूल रूप से उत्तरी जटेपुर मकसूदन दास की कोठी (थाना शाहपुर) का निवासी है। अगर हम मंतोष ठाकुर क्रिमिनल हिस्ट्री (Mantosh Thakur criminal history) पर नज़र डालें, तो पुलिस की फाइलें भी हैरान करने वाली हैं। इसके खिलाफ गोरखपुर और सिद्धार्थनगर जिले के अलग-अलग थानों में कुल 18 संगीन मामले दर्ज हैं।
मंतोष ठाकुर का आपराधिक सफर वर्ष 2008 में थाना शाहपुर में हत्या (धारा 302 भा.द.वि.) और आर्म्स एक्ट के जघन्य मामले से शुरू हुआ था। इसके बाद से इसकी अपराध की सूची लगातार लंबी होती गई। मंतोष ठाकुर क्रिमिनल हिस्ट्री (Mantosh Thakur criminal history) में हत्या (302 IPC), हत्या का प्रयास (307 IPC), लूट (395 IPC), चोरी और नकबजनी (380, 457 IPC), और आर्म्स एक्ट (3/25, 4/25 A Act) जैसे अत्यंत गंभीर मुकदमे शामिल हैं। रामगढ़ताल शाहपुर पुलिस एक्शन (Ramgarhtal Shahpur police action) के तहत अब इस आदतन अपराधी की Durachari bad character B history sheet खोलकर इसकी कड़ी निगरानी शुरू कर दी गई है।
Gorakhpur Police History Sheeter List में शामिल यूपी गैंगस्टर एक्ट के अन्य अपराधी
मंतोष ठाकुर के अलावा, गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट (Gorakhpur Police History Sheeter List) में चार ऐसे युवा और शातिर अपराधियों के नाम भी शामिल किए गए हैं, जिन्होंने हाल ही के वर्षों में जघन्य अपराधों को अंजाम देकर शहर में दहशत फैलाने की कोशिश की है। ये सभी अपराधी UP Gangster act criminals Gorakhpur की श्रेणी में आते हैं। आइए इन चारों की आपराधिक कुंडली पर विस्तार से चर्चा करते हैं:
1. नितिन कुमार मिश्रा:
रामपुर बुजुर्ग (थाना गुलरिहा) का निवासी नितिन कुमार मिश्रा एक बेहद शातिर अपराधी है, जिसका नाम गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट (Gorakhpur Police History Sheeter List) में प्रमुखता से दर्ज किया गया है। इसके खिलाफ हाल ही में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 304, 308(5) और आर्म्स एक्ट के तहत शाहपुर और चिलुआताल में गंभीर मुकदमे दर्ज हुए हैं। यह UP Gangster act criminals Gorakhpur का हिस्सा है, जिस पर पुलिस ने U.P. Gangster Act 1986 के तहत मु.अ.सं. 355/2025 में सख्त कार्रवाई की है।
2. अंकित पासवान उर्फ मण्टू:
चारगांवा (थाना शाहपुर) के रहने वाले अंकित पासवान का नाम भी इस नई गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट (Gorakhpur Police History Sheeter List) का अहम हिस्सा है। अंकित पर चिलुआताल और शाहपुर थानों में BNS की विभिन्न गंभीर धाराओं (सहित धारा 304) में कुल 4 मुकदमे दर्ज हैं। SSP Gorakhpur order on criminals का पालन करते हुए इस अपराधी पर भी शाहपुर थाने से गैंगस्टर की कार्रवाई (मु.अ.सं. 355/2025) की गई है, जिसके बाद इसकी ‘बी’ हिस्ट्रीशीट खोली गई।
3. अम्बिका पासवान:
अंकित के ही इलाके चारगांवा का निवासी अम्बिका पासवान भी लंबे समय से संगीन अपराधों में लिप्त रहा है। गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट (Gorakhpur Police History Sheeter List) के रिकॉर्ड के अनुसार, इसके खिलाफ शाहपुर और गुलरिहा थानों में BNS की धारा 308(5), 351(4), 110 और आर्म्स एक्ट के तहत 3 संगीन मुकदमे दर्ज हैं। इसे भी समाज विरोधी क्रियाकलापों के चलते UP Gangster act criminals Gorakhpur की कुख्यात सूची में रखा गया है।
4. शुभम श्रीवास्तव:
सेमरा नं. 2 (थाना गुलरिहा) का निवासी शुभम श्रीवास्तव इस गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट (Gorakhpur Police History Sheeter List) का पांचवा नाम है। शुभम पर शाहपुर, चिलुआताल और गुलरिहा थानों में हत्या और समाज विरोधी गतिविधियों (BNS धारा 304, 308(5) आदि) के 4 गंभीर मामले दर्ज हैं। समाज में इसका बढ़ता खौफ देखते हुए, इस पर भी शाहपुर पुलिस ने गैंगस्टर एक्ट (मु.अ.सं. 355/2025) लगाया है और अब इसकी Durachari bad character B history sheet विधिवत खोल दी गई है।
रामगढ़ताल शाहपुर पुलिस एक्शन और गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट का प्रभाव
यह पूरी कार्रवाई रामगढ़ताल शाहपुर पुलिस एक्शन (Ramgarhtal Shahpur police action) का एक बेहद शानदार और सफल उदाहरण है। पुलिस अधिकारियों का स्पष्ट रूप से कहना है कि गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट (Gorakhpur Police History Sheeter List) में शामिल ये सभी अपराधी आदतन और पेशेवर किस्म के हैं। जेल से छूटने के बाद इनके दोबारा अपराध जगत में सक्रिय होने की प्रबल संभावना बनी रहती है।
इसी संभावित खतरे को भांपते हुए और SSP Gorakhpur order on criminals का पूरी सख्ती से पालन करते हुए, इन पांचों अपराधियों की Durachari bad character B history sheet तैयार की गई है। अब से संबंधित थाने के बीट सिपाही और हल्का प्रभारी नियमित रूप से इन अपराधियों के घरों पर जाकर इनकी भौतिक हाजिरी, आय के स्रोत और इनके नए संपर्कों की सघन जांच करेंगे।
अंततः, प्रशासन द्वारा तैयार की गई यह गोरखपुर पुलिस हिस्ट्रीशीटर लिस्ट (Gorakhpur Police History Sheeter List) आम जनता के लिए एक बड़ी राहत की खबर है। पुलिस का यह स्पष्ट संदेश है कि शहर की शांति भंग करने वाले किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा। लगातार हो रही इन कार्रवाइयों ने अपराधियों के हौसले पस्त कर दिए हैं।
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Navneet Mishra is a seasoned journalist currently associated with Nirbhik India and its digital portal, nirbhikindia.in. With over six years of experience across print and digital platforms, Navneet specializes in politics, sports, economics, and geopolitics.
A Master’s graduate in Mass Communication from Deen Dayal Upadhyay Gorakhpur University, he is also a dedicated media scholar. His academic research focuses on “the pivotal role of Gorakhpur’s Hindi newspapers during the Indian freedom struggle against the British Crown”. Before joining Nirbhik India, Navneet spent five years at Adarsh Jeevan and gained valuable field experience at Amar Ujala Gorakhpur as training reporter only for 5 days.
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नवनीत मिश्रा वर्तमान में ‘निर्भीक इंडिया’ मीडिया समूह से जुड़े हैं। उन्होंने दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स किया है। पत्रकारिता के अपने 6 वर्षों के सफर में उन्होंने प्रिंट और डिजिटल दोनों डेस्क पर काम किया है। उनके शोध का विषय ब्रिटिश शासन के खिलाफ गोरखपुर के अखबारों का योगदान रहा है, जो उनकी ऐतिहासिक समझ को दर्शाता है। वे राजनीति, अर्थव्यवस्था और अंतरराष्ट्रीय मामलों (Geopolitics) पर निरंतर लिखते रहे हैं। ‘आदर्श जीवन’ दैनिक में 5 साल का कार्यकाल और ‘अमर उजाला’ गोरखपुर में ट्रेनिंग रिपोर्टिंग के तौर पर मात्र 5 दिन काम क्या है उनकी लेखनी को और भी निखारता है।

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