भारतीय रेलवे ने यूपी के यात्रियों के लिए एक बेहद जरूरी और बड़ा अलर्ट जारी किया है। 23 से 26 मार्च 2026 के बीच यात्रा करने वालों को लखनऊ जंक्शन ट्रेन निरस्तीकरण (Lucknow Junction Train Cancellation) का सीधा सामना करना पड़ेगा। यह अहम खबर आपके सफर को प्रभावित कर सकती है, इसलिए ध्यान दें।

निर्भीक इंडिया (संवाददाता नवनीत मिश्रा)- रेलवे प्रशासन द्वारा ऐशबाग और लखनऊ जंक्शन के बीच एक बड़ा मेगा ब्लॉक लिया जा रहा है। इस दौरान पुल संख्या-476 गर्डर लॉचिंग कार्य (Bridge No 476 Girder Launching Work) किया जाएगा। इसके चलते कई प्रमुख और नियमित ट्रेनों का संचालन पूरी तरह से रोक दिया गया है।
लखनऊ जंक्शन ट्रेन निरस्तीकरण (Lucknow Junction Train Cancellation): मेगा ब्लॉक से कई गाड़ियां प्रभावित
इस विशाल मेगा ब्लॉक का मुख्य उद्देश्य भविष्य के लिए रेल नेटवर्क को और अधिक मजबूत करना है। रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, यह बड़ा कदम परिचालनिक सुगमता और रेल संरक्षा (Operational Ease and Rail Safety) को बेहतर बनाने के लिए उठाया गया है। इससे पटरियों पर ट्रेनों की रफ्तार में भारी इजाफा होगा।
इस अति-महत्वपूर्ण निर्माण कार्य के कारण यात्रियों को तत्काल रूप से लखनऊ जंक्शन ट्रेन निरस्तीकरण (Lucknow Junction Train Cancellation) की समस्या से जूझना होगा। कई गाड़ियां निरस्त रहेंगी, जबकि कुछ के रूट और स्टेशन बदल दिए गए हैं। इसलिए स्टेशन के लिए घर से निकलने से पहले अपना टिकट जरूर चेक कर लें।

लखनऊ जंक्शन ट्रेन निरस्तीकरण (Lucknow Junction Train Cancellation) की विस्तृत सूची और जानकारी
इस मेगा ब्लॉक के कारण सबसे बड़ा असर शताब्दी और कई अहम एक्सप्रेस ट्रेनों पर पड़ा है। विशेष रूप से मेरठ और आगरा लखनऊ एक्सप्रेस रद्द (Meerut and Agra Lucknow Express Cancelled) कर दी गई हैं। 26 मार्च को 22454/22453 मेरठ सिटी एक्सप्रेस और 12180/12179 आगरा फोर्ट एक्सप्रेस पटरियों पर नहीं दौड़ेंगी।
इसके साथ ही 11109/11110 वीरांगना लक्ष्मीबाई झाँसी-लखनऊ एक्सप्रेस भी 26 मार्च को पूरी तरह निरस्त रहेगी। रेलवे ने यात्रियों की परेशानी कम करने के लिए ट्रेनों का शार्ट टर्मिनेशन और ओरिजिनेशन (Short Termination and Origination of Trains) भी लागू किया है, ताकि लोग आस-पास के स्टेशनों से अपनी यात्रा पूरी कर सकें।
शॉर्ट टर्मिनेशन के तहत 23-24 मार्च को 55346 कासगंज-लखनऊ सवारी गाड़ी लखनऊ जंक्शन की बजाय कानपुर अनवरगंज में ही अपनी यात्रा समाप्त कर लेगी। इसी तरह, पाटलिपुत्र एक्सप्रेस (15033/15034) और नई दिल्ली शताब्दी (12003/12004) जैसी प्रमुख गाड़ियां अब लखनऊ जंक्शन की बजाय ऐशबाग स्टेशन से संचालित की जाएंगी।
पूर्वांचल जाने वाले यात्रियों को भी इस बदलाव पर विशेष ध्यान देना होगा। 15031/15032 गोरखपुर एक्सप्रेस अब लखनऊ की जगह गोमतीनगर (10.39 बजे और 16.40 बजे) से चलेगी। इस महा-बदलाव के बीच ऐशबाग और गोमतीनगर से चलने वाली ट्रेनें (Trains Running from Aishbagh and Gomtinagar) यात्रियों के लिए एक बहुत बड़ा विकल्प बनेंगी। बरौनी एक्सप्रेस (15203) बादशाहनगर में और जबलपुर एक्सप्रेस ऐशबाग में यात्रा समाप्त करेगी।
लखनऊ जंक्शन ट्रेन निरस्तीकरण (Lucknow Junction Train Cancellation) का दूरगामी लाभ
भले ही वर्तमान में लखनऊ जंक्शन ट्रेन निरस्तीकरण (Lucknow Junction Train Cancellation) से यात्रियों को कुछ दिनों की असुविधा हो रही हो, लेकिन इसका दीर्घकालिक लाभ बहुत बड़ा है। गर्डर लॉन्चिंग का यह जटिल काम पूरा होने के बाद ट्रेनों के रखरखाव (Maintenance) में लगने वाले समय में भारी बचत होगी।
कुछ महत्वपूर्ण ट्रेनों को उनके तय समय से रिशेड्यूल (पुनर्निर्धारित) और नियंत्रित भी किया गया है। 24 मार्च को 12536 रायपुर-लखनऊ एक्सप्रेस 60 मिनट देरी से चलेगी। इसी प्रकार 26 मार्च को 15070 ऐशबाग-गोरखपुर एक्सप्रेस 120 मिनट और 12535 लखनऊ-रायपुर एक्सप्रेस 110 मिनट की देरी से अपनी यात्रा शुरू करेंगी। 15034 पाटलिपुत्र एक्सप्रेस और 15007 वाराणसी सिटी एक्सप्रेस को भी मार्ग में नियंत्रित किया जाएगा।
रेलवे ट्रैकों के आधुनिकीकरण का यह ऐतिहासिक कार्य परिचालनिक सुगमता और रेल संरक्षा (Operational Ease and Rail Safety) के अंतरराष्ट्रीय मानकों को पूरी तरह से संतुष्ट करेगा। इससे न केवल पटरियों की क्षमता बढ़ेगी, बल्कि भविष्य में लखनऊ से नई और तेज रफ्तार वाली वंदे भारत जैसी ट्रेनों का निर्बाध संचालन भी बहुत आसान हो जाएगा।
रेलवे प्रशासन ने सभी यात्रियों से यह विनम्र अपील की है कि वे अपनी यात्रा शुरू करने से पहले NTES ऐप या 139 हेल्पलाइन नंबर पर ट्रेनों की सटीक स्थिति जरूर जान लें। इस अहम लखनऊ जंक्शन ट्रेन निरस्तीकरण (Lucknow Junction Train Cancellation) अवधि में धैर्य रखकर और सहयोग करके आप एक सुरक्षित व बेहतर भारतीय रेलवे नेटवर्क के निर्माण में अपना बहुमूल्य योगदान दे सकते हैं।

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Navneet Mishra is a seasoned journalist currently associated with Nirbhik India and its digital portal, nirbhikindia.in. With over six years of experience across print and digital platforms, Navneet specializes in politics, sports, economics, and geopolitics.
A Master’s graduate in Mass Communication from Deen Dayal Upadhyay Gorakhpur University, he is also a dedicated media scholar. His academic research focuses on “the pivotal role of Gorakhpur’s Hindi newspapers during the Indian freedom struggle against the British Crown”. Before joining Nirbhik India, Navneet spent five years at Adarsh Jeevan and gained valuable field experience at Amar Ujala Gorakhpur as training reporter only for 5 days.
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नवनीत मिश्रा वर्तमान में ‘निर्भीक इंडिया’ मीडिया समूह से जुड़े हैं। उन्होंने दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स किया है। पत्रकारिता के अपने 6 वर्षों के सफर में उन्होंने प्रिंट और डिजिटल दोनों डेस्क पर काम किया है। उनके शोध का विषय ब्रिटिश शासन के खिलाफ गोरखपुर के अखबारों का योगदान रहा है, जो उनकी ऐतिहासिक समझ को दर्शाता है। वे राजनीति, अर्थव्यवस्था और अंतरराष्ट्रीय मामलों (Geopolitics) पर निरंतर लिखते रहे हैं। ‘आदर्श जीवन’ दैनिक में 5 साल का कार्यकाल और ‘अमर उजाला’ गोरखपुर में ट्रेनिंग रिपोर्टिंग के तौर पर मात्र 5 दिन काम क्या है उनकी लेखनी को और भी निखारता है।

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